Rewa news टीआरएस कॉलेज के समाज कार्य विभाग द्वारा छात्रों के लिए अध्ययन भ्रमण आयोजित ग्रामीण पर्यटन और सामुदायिक विकास के विभिन्न पहलुओं से अवगत हुए छात्र

Rewa news टीआरएस कॉलेज के समाज कार्य विभाग द्वारा आईक्यूएसी फ्लैगशिप स्कीम ‘‘चेतना’’ के अंतर्गत प्राचार्य डॉ अर्पिता अवस्थी के निर्देशन में छात्रों के लिए अध्ययन भ्रमण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस भ्रमण का उद्देश्य छात्रों को ग्रामीण पर्यटन और सामुदायिक विकास के विभिन्न पहलुओं से अवगत कराना था। यह कार्यक्रम समाज कार्य विभाग के विभाग अध्यक्ष प्रोफेसर अखिलेश शुक्ल के मार्गदर्शन में आयोजित किया गया, जिसमें छात्रों ने क्षेत्रीय विकास परियोजनाओं का अध्ययन किया।
अध्ययन भ्रमण के दौरान, छात्रों ने सेमरिया विकास खंड के विभिन्न गांवों जैसे पूर्वा, बोदहा, और ग्राम बरुआ (बांका) का भ्रमण किया। इस दौरान छात्रों को सामुदायिक होम स्टे परियोजना से संबंधित जानकारी मिली, जिसे मध्य प्रदेश ग्रामीण पर्यटन विकास विभाग के सहयोग से स्थापित किया गया है। छात्रों ने इस प्रोजेक्ट के तहत विकसित किए गए पर्यटन एवं धार्मिक स्थलों और उनके स्थानीय समुदायों पर पड़ने वाले सकारात्मक प्रभाव को समझा।

इस भ्रमण के दौरान, छात्रों ने पुरबा जलप्रपात, बसामन मामा गो अभ्यारण, गैवी नाथ मंदिर बिरसिंहपुर, धारकुंडी और सरभंगा आश्रम का भ्रमण किया। छात्रों ने प्रसिद्ध पुरबा जलप्रपात की सुंदरता का आनंद लिया और जल स्रोतों के महत्व को समझा। यह जलप्रपात न केवल एक पर्यटन स्थल है, बल्कि ग्रामीण जल प्रबंधन और पर्यावरण संरक्षण के विषय में भी छात्रों को जानकारी मिली। बसामन मामा गो अभ्यारण का दौरा करते हुए छात्रों ने वन्यजीव संरक्षण और पारिस्थितिकी तंत्र के संतुलन को समझा।


यहां, छात्रों को वन्यजीवों की संरक्षण परियोजनाओं के बारे में बताया गया और उन्हें इस बात का अहसास हुआ कि कैसे यह अभ्यारण स्थानीय जैव विविधता को बनाए रखने में मदद करता है।ऐतिहासिक गैवी नाथ मंदिर बिरसिंहपुर मंदिर के दर्शन करते हुए, छात्रों ने धार्मिक और सांस्कृतिक धरोहर के महत्व को महसूस किया। नाथ पंथ से जुड़ी परंपराओं और मंदिर के ऐतिहासिक पहलुओं के बारे में छात्रों को जानकारी प्राप्त हुई। धारकुंडी और सरभंगा आश्रम में छात्रों ने ध्यान और साधना के महत्व को समझा। यहां के संतों और साधकों के जीवन से छात्रों ने आत्मविकास और मानसिक शांति की महत्वपूर्ण बातें सीखी। इस अध्ययन भ्रमण ने छात्रों को न केवल ग्रामीण विकास और पर्यावरण संरक्षण के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी दी, बल्कि उन्हें हमारे सांस्कृतिक और ऐतिहासिक धरोहर के महत्व को भी समझने का अवसर प्रदान किया।

अध्ययन भ्रमण कार्यक्रम के संयोजक डॉ. अखिलेश शुक्ल ने छात्रों को प्रेरित करते हुए कहा कि इस प्रकार के भ्रमण उनके अनुभव को समृद्ध करते हैं और उन्हें समाज सेवा के क्षेत्र में नए दृष्टिकोण अपनाने का अवसर मिलता है। अध्ययन भ्रमण के सफल संयोजन में डॉ गुंजन सिंह एवं प्रियंका तिवारी, योगेश निगम आदि की महत्वपूर्ण भूमिका रही। अध्ययन भ्रमण कार्यक्रम में अभय सिंह कुशवाह, अभिषेक पांडे, आलोक शुक्ला, अमन पांडे, अमन सोंधिया, आशीष पांडे, बविता पटेल, दिनेश कुमार प्रजापति, हिमानी सिंह, कोमल चतुर्वेदी, लक्ष्मी साकेत, नैन्सी अग्निहोत्री, पल्लवी सिंह करचुली, प्राची शुक्ला, प्रियंका मिश्रा, पुष्पांजलि पांडे, ऋषिका तिवारी, रूपाली शुक्ला, साहिबा खान, साक्षी शुक्ला, शिखा सेन, शीतल सिंह, श्श्वेता द्विवेदी, सूरज मिश्रा, सुरभि गुप्ता, सुरभि शर्मा, विक्रम प्रसाद कुशवाहा, अंजलि दुबे, अंकित पांडे, अंशी गुप्ता, अनुराग कोल, अर्पिता शुक्ला, आरती साहू, अशोक कुशवाहा, अतुल पटेल, गजेंद्र राठौड़, गौरव सोंधिया, प्राची गौतम, राज गुप्ता, रेशू त्रिपाठी, रूपाली गुप्ता, साक्षी द्विवेदी, शिवानी पांडे, स्नेह लता साकेत, सुशांतिका शुक्ला ने सक्रिय सहभागिता की।
